जनपद बांदा।
बांदा जिले की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) ने मोर्चा खोल दिया है। स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार समेत 15 सूत्रीय मांगों को लेकर जेडीयू की प्रदेश उपाध्यक्ष शालिनी सिंह पटेल का अशोक लाट पर चल रहा आमरण अनशन रविवार को सातवें दिन भी जारी रहा हालांकि छठे दिन अनशन के दौरान तबीयत बिगड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल स्थित ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया था लेकिन उन्होंने अपना अनशन समाप्त करने से इनकार कर दिया और रविवार को सातवें दिन भी उनका अनशन जारी है। शालिनी सिंह पटेल ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में कहा है कि वह 21 सितंबर से 15 सूत्रीय मांगों को लेकर आमरण अनशन पर हैं। इससे पूर्व जिलाधिकारी और मंडलायुक्त को भी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपकर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं में सुधार की मांग की जा चुकी है। 24 सितंबर को जेडीयू महिला जिलाध्यक्ष पिंकी प्रजापति के नेतृत्व में करीब 200 कार्यकर्ताओं ने मंडलायुक्त को ज्ञापन सौंपकर मांगों के शीघ्र निस्तारण की मांग उठाई थी।
300 बेड के मंडलीय अस्पताल को पूरी क्षमता से चलाने की मांग:
जेडीयू नेताओं ने मांग की है कि 300 बेड के मंडलीय अस्पताल को पूरी क्षमता के साथ संचालित किया जाए। इसके साथ ही जिला अस्पताल के अलावा नरैनी, बबेरू, कमासिन, अतर्रा, तिंदवारी और जसपुरा के स्वास्थ्य केंद्रों की व्यवस्थाओं में सुधार किया जाए। पार्टी की ओर से रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज में मरीजों से कथित अवैध वसूली और बाहर की दवाएं लिखे जाने के आरोपों की जांच कराने की मांग भी उठाई गई है। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज में कथित भ्रष्टाचार की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की गई है।
कर्मचारियों से जुड़ी समस्याओं के समाधान की भी मांग:
मांगों में मेडन कार्यालय से शाजिया बेगम और सावित्री यादव को हटाने, कार्यवाहक सीएमएस डॉ. प्रवीण राज सरावगी की भूमिका की जांच तथा वरिष्ठ सीएमएस डॉ. रजनी भारती को कार्यभार सौंपने की मांग शामिल है। इसके साथ ही अवकाश, बायोमेट्रिक उपस्थिति और रोस्टर में कथित अनियमितताओं की जांच, कर्मचारियों को धमकी दिए जाने के आरोपों की जांच, आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के शोषण और वेतन भुगतान से संबंधित समस्याओं के समाधान तथा स्थानांतरण संबंधी मांगें भी रखी गई हैं। शालिनी पटेल ने स्पष्ट किया है कि जब तक मांगों पर लिखित आश्वासन और ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका आमरण अनशन जारी रहेगा।
पूर्व सांसद विशंभर निषाद ने दिया समर्थन:
अनशन स्थल पर समाजवादी पार्टी के पूर्व राज्यसभा सांसद विशंभर निषाद भी पहुंचे और शालिनी पटेल के आंदोलन को अपना समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी मांगों को लेकर वह उनके साथ हैं और आंदोलन में सहयोग जारी रहेगा।
Crime 24 Hours / ब्यूरो रिपोर्ट


