
जनपद बांदा।
बांदा मंडल के महाराजा खेत सिंह खंगार जूदेव जी की सम्मानजनक प्रतिमा स्थापना की मांग को लेकर आज़ाद क्रांति पार्टी के नेतृत्व में पिछले अठारह दिनों से चल रहा शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन 30 जून को जिला प्रशासन के लिखित आश्वासन के बाद सफलतापूर्वक समाप्त हो गया। 30 जून को देर रात्रि जिलाधिकारी बांदा द्वारा आज़ाद क्रांति पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व एवं केंद्रीय प्रतिनिधिमंडल को वार्ता के लिए आमंत्रित किया गया। प्रतिनिधिमंडल और जिला प्रशासन के बीच हुई विस्तृत एवं सकारात्मक चर्चा के उपरांत जिलाधिकारी ने लिखित रूप से आश्वासन दिया कि शासन को आवश्यक पत्र प्रेषित कर दिया गया है तथा तीन माह के भीतर महाराजा खेत सिंह खंगारजू देव जी की प्रतिमा का सम्मानजनक निर्माण एवं स्थापना की प्रक्रिया पूर्ण कराई जाएगी। उक्त पत्र की प्रति भी प्रतिनिधिमंडल को उपलब्ध कराई गई। वार्ता के उपरांत प्रशासन की ओर से अपर जिलाधिकारी धरना स्थल पर पहुँचे। उन्होंने उपस्थित समाजजनों एवं कार्यकर्ताओं को जिलाधिकारी द्वारा जारी पत्र पढ़कर सुनाया तथा प्रशासन की ओर से आंदोलन समाप्त करने का आग्रह किया। इसके पश्चात आज़ाद क्रांति पार्टी के नेतृत्व में सभी आंदोलनकारी शांतिपूर्ण पैदल मार्च करते हुए अपर जिलाधिकारी कार्यालय पहुँचे, जहाँ संबंधित अभिलेखों एवं प्रशासनिक पत्रों की हार्ड कॉपी आंदोलनकारियों को उपलब्ध कराई गई। अपर जिलाधिकारी पुनः धरना स्थल पर पहुँचे, जहाँ उन्होंने आंदोलनकारियों का सम्मान करते हुए पुष्प मालाएँ पहनाईं। प्रशासन के लिखित आश्वासन एवं सकारात्मक पहल को स्वीकार करते हुए आज़ाद क्रांति पार्टी ने अठारह दिनों से चल रहे धरना-प्रदर्शन को समाप्त करने की घोषणा की। धरना समाप्ति के अवसर पर उपस्थित समाजजनों एवं पार्टी कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर इस ऐतिहासिक जनसंघर्ष की सफलता का उत्सव मनाया। पार्टी ने स्पष्ट किया कि यह जीत समाज की एकता, लोकतांत्रिक संघर्ष और शांतिपूर्ण आंदोलन की शक्ति का परिणाम है।आज़ाद क्रांति पार्टी ने जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रतिमा की सम्मानजनक स्थापना नहीं होती है, तो पार्टी पुनः जन बैठक में राष्ट्रीय स्तर से लेकर जिला स्तर के सभी बजाज अधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे सभी राष्ट्रीय स्तर के पदाधिकारी तथा जिला स्तर के कार्यकर्ताओं ने कहा अगर समय सीमा पर महाराजा खेत सिंह की प्रतिमा की स्थापना नहीं की गई तो बात होकर पुणे हमें आंदोलन का मार्ग अपनाने के लिए बाध्य होना पड़ेगा यह जानकारी राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अमर सिंह राठौर ने दी।
Crime 24 Hours / ब्यूरो रिपोर्ट


