SIR के विरोध में सपा का जोरदार प्रदर्शन, सीईसी ज्ञानेश कुमार का फूंका पुतला, राष्ट्रपति को ज्ञापन

जनपद बांदा।

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर समाजवादी पार्टी ने सोमवार को बांदा में जोरदार प्रदर्शन किया। सपा के पूर्व राज्यसभा सांसद विशंभर सिंह निषाद, बबेरू विधायक विशंभर सिंह यादव और जिलाध्यक्ष उमेश यादव के नेतृत्व में सैकड़ों की संख्या में पार्टी कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने महाराणा प्रताप चौक से लेकर अशोक लाट चौराहे से पहले आंबेडकर पार्क के पास तक प्रदर्शन किया। इस दौरान जमकर नारेबाजी की गई। आंबेडकर पार्क के पास कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका। प्रदर्शन के बाद सपा जिलाध्यक्ष उमेश यादव के नेतृत्व में पार्टी पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा। इसमें SIR की प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के साथ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई है।

सपा ने ज्ञापन में कहा है कि लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत नागरिक का मताधिकार है। मतदाता सूची से जुड़े किसी भी पुनरीक्षण में पारदर्शिता, निष्पक्षता और प्रत्येक पात्र नागरिक को अपना पक्ष रखने का अवसर मिलना जरूरी है। पार्टी ने चिंता जताई कि SIR के दौरान बड़ी संख्या में पात्र मतदाताओं के नाम प्रभावित होने की आशंका है। प्रक्रिया संबंधी त्रुटि, पर्याप्त अवसर न मिलने या दस्तावेजों की जटिलता के कारण यदि किसी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से बाहर होता है तो यह उसके संवैधानिक अधिकार से जुड़ा गंभीर मामला होगा।

नाम हटाने से पहले मिले अपना पक्ष रखने का मौका:

सपा ने मांग की कि किसी भी पात्र मतदाता का नाम मतदाता सूची से हटाने से पहले उसे पर्याप्त सूचना दी जाए और अपना पक्ष रखने का अवसर मिले। हटाए या प्रभावित किए गए मतदाताओं के नामों का स्वतंत्र और निष्पक्ष सत्यापन कराया जाए। साथ ही सभी राजनीतिक दलों को निर्वाचन प्रक्रिया से संबंधित आवश्यक जानकारी और समान अवसर उपलब्ध कराने की मांग की गई।

निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली की जांच की मांग:

ज्ञापन में निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली से संबंधित शिकायतों और लगाए जा रहे गंभीर आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग भी की गई। सपा ने कहा कि यदि जांच में किसी तरह की अनियमितता या संवैधानिक दायित्वों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो संविधान और कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए। पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे के साथ उनकी तत्काल गिरफ्तारी की मांग भी ज्ञापन में रखी है। सपा नेताओं ने कहा कि मतदाता का अधिकार ही लोकतंत्र की आधारशिला है। किसी पात्र नागरिक को उसके मताधिकार से वंचित किया जाना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर विषय है। निर्वाचन प्रक्रिया में जनता का भरोसा कायम रखने के लिए SIR की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से कराई जानी चाहिए।

Crime 24 Hours / ब्यूरो रिपोर्ट