दोनों पक्षों को समझाकर पुलिस ने मंदिर में रुकवाई शादी
खागा फतेहपुर
हाथों में मेहंदी, आंखों में सपने और उम्र सिर्फ 15 साल। बचपन अभी पूरा भी नहीं हुआ था कि कर्ज चुकाने के लिए उसके हाथ एक आजनबी के हाथों में सौंपने की तैयारी हो रही थी। जाफरगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में शुक्रवार को नाबालिग की शादी रुकवाकर पुलिस ने बालविवाह पर बड़ा प्रहार किया।35 साल के युवक से हो रही थी शादी !
थाना क्षेत्र के एक गांव की 15 वर्षीय किशोरी की शादी देवरी चौकी अंतर्गत शिवपुरी गांव निवासी विनोद (35) से तय की गई थी। शुक्रवार को मंदिर में रीति-रिवाज के साथ विवाह की रस्में शुरू हो गई थीं। इसी बीच किसी ने पुलिस को नाबालिग की शादी की सूचना दे दी।
दस्तावेजों में निकली नाबालिग, फेरे रुकवाए
सूचना पर #पुलिस मौके पर पहुंची और लड़की के उम्र संबंधी अभिलेखों की जांच की। जन्मतिथि के अनुसार किशोरी नाबालिग पाई गई। इसके बाद पुलिस ने तत्काल #शादी रुकवा दी और दोनों पक्षों को समझाकर वापस भेज दिया।
कर्ज चुकाने के लिए कराई जा रही थी शादी
किशोरी के पिता ने पुलिस को बताया कि उनकी आर्थिक स्थिति बेहद खराब है। उन्होंने वर पक्ष से करीब 90 हजार रुपये उधार ले रखे थे। कर्ज न चुका पाने की मजबूरी में नाबालिग बेटी की शादी युवक से कराई जा रही थी।
कोई आरोप नहीं, समझा बुझा कर घर भेजा
प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार शुक्ला ने बताया कि नाबालिग की शादी रुकवा दी गई है। दोनों पक्षों से बात की गई और बाल विवाह के कानूनी पहलुओं के बारे में समझाया गया। किसी भी पक्ष की ओर से कोई आरोप नहीं लगाया गया है।
ब्यूरो रिपोर्ट


