जनपद बांदा।
बांदा जनपद की तहसील बबेरू अतर्गत जहां वर्तमान समय में किसान धान की नर्सरी बेड रोपाई का कार्य तेजी जारी है, किन्तु बारिश एवं सिंचाई विभाग के द्वारा नहरों में पानी नहीं छोड़ा जा रहा है तो मात्र किसानों के पास विद्युत के सहारे अपने परिवार के भरण पोषण करने के लिए ट्विवल ही उपाय है, वहीं पूरे दिन काम के बाद रात्रि में भी हफ्तों से बिजली गुल रहती है तब भी इस समय बिजली विभाग के जिम्मेदार कर्मचारी अधिकारी कुम्भकरणी नींद में सो रहे हैं साथ ही जनता द्वारा चुने गए जनप्रतिनिधियों भी किसानों की गम्भीर कृषि कार्य के समय गायब हो गए हैं, जिससे जनपद वासियों में आक्रोश व्याप्त होकर कई जगह सड़क चक्का जाम धरना प्रदर्शन आंदोलन करने पर किसान मजबूर हो रहे हैं। फिर भी बिजली पानी की समस्या जस की तस बनी हुई है। शिकायतों को संबंधित विभागीय अधिकारियों ने ठंडे बस्ते में डाल कर फर्जी निस्तारण में महारथ हासिल करते हुए शासन को गुमराह कर रहे हैं जिससे सरकार की छवि धूमिल हो रही है। उक्त वक्तव्य कहने के पश्चात समाजसेवी पीसी पटेल ने जानकारी दी कि बीती रात्रि 10 बजे बबेरू तहसील के ग्राम कोर्रम बस स्टॉप पर सैकडो महिला पुरुष किसान एकत्र होकर राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम कर धरना प्रदर्शन करने लगे, इसकी सूचना समाजसेवी पीसी पटेल जनसेवक को मिली जिसपर उन्होंने तुरन्त तहसील बबेरू एवं कोतवाली प्रभारी बबेरू सूचित किया प्रशासन ने समाजसेवी से आग्रह किया कि आप किसानों को शांत कराकर रास्ता खुलवा दीजिए। तभी पीसी पटेल जनसेवक द्वारा मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत कराया। जब तक अधिकारी आए तो सैकड़ों लोग समाजसेवी के साथ बिजली घर बबेरू पहुंच गए। पावर हाउस पर जे०ई०, एस०डी०ओ० एवं पुलिस प्रशासन के मध्य घंटों वार्ता के बाद देर रात्रि 12 बजे समाजसेवी पीसी पटेल स्वयं जे०ई०, एस०डी०ओ० सहित दर्जनों बिजली कर्मचारियों के साथ पोल टू पोल 20 किलो मीटर पेट्रोलियम करते हुए समगरा पम्प कैनाल पहुंचे जहां 33केवी लाइन पर फॉल्ट मिला। बड़ी मशक्कत के बाद उसे ठीक करवाने के बाद रात्रि लगभग 2 संपूर्ण बिजली घर बबेरू के अन्तर्गत कस्बा सहित 50 गाँव की बिजली सप्लाई बहाल हो सकी।जनसेवक के इस नेक कार्य की प्रशंसा पूरे क्षेत्र में हो रही है। इस सम्बन्ध में समाजसेवी से संपर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि हमारा जन्म जनता जनार्दन की जनसमस्याओं के समाधान हेतु संघर्ष करने के लिए मिला है। आगे उहोंने बताया कि क्षेत्र के लोग मुझे सदैव गाड़ी, घोड़ा से लेकर समय समय पर कपड़े, भोजन का भी इंतजाम करते हैं, इसलिए मेरा मानना है कि करते हो तुम कन्हैया मेरा नाम हो रहा है।
Crime 24 Hours / ब्यूरो रिपोर्ट


