शिक्षा की उम्र में नाबालिक से कराई जा रही नाला की सफाई फोटो वायरल

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खखरेरू फतेहपुर ::-

खखरेरू क्षेत्र के विजयीपुर विकासखंड की ग्राम पंचायत कुल्ली के रहमतपुर गांव में बाल श्रम का एक मामला सामने आया है, जिसने जिला प्रशासन के बाल श्रम उन्मूलन के दावों पर सवालिया निशान लगा दिया है। आरोप है कि गांव में नाबालिग बच्चों से नालों की सफाई जैसे कठिन कार्य करवाए जा रहे हैं, जबकि जिला प्रशासन ने स्पष्ट आदेश दिए हैं कि किसी भी नाबालिग बच्चे से श्रम नहीं कराया जाएगा। हाल ही में एक राहगीर द्वारा खींची गई तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें एक लगभग 10 वर्षीय नाबालिग बच्चा नालों की सफाई करता दिख रहा है। यह तस्वीर सामने आने के बाद से लोग तरह-तरह के सवाल उठा रहे हैं। वायरल फोटो में दिख रहा बच्चा जिस उम्र में स्कूल जाकर शिक्षा ग्रहण कर कलम पकड़ना चाहिए, उस उम्र में उसे गंदगी से भरे नालों की सफाई जैसे जोखिम भरे काम में लगाया गया है। यह स्थिति बाल अधिकारों के हनन और प्रशासन की उदासीनता को उजागर करती है। हालांकि, आपका अपना अखबार दैनिक जागरण वायरल फोटो की पुष्टि नहीं करता है, लेकिन इस घटना ने ग्राम पंचायत की स्वच्छता व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगा दिया है। ग्रामीण इकबाल , न्यामत उल्ला, नरसिंह पटेल, वलीद आदि सवाल पूछ रहे हैं कि क्या ग्राम पंचायत में सफाईकर्मी नहीं हैं यदि हैं, तो नाबालिग बच्चों से सफाई क्यों कराई जा रही है। बच्चों के भविष्य और उनके स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा पैदा करती है। जमीनी स्तर पर अभी भी बहुत बच्चों को सुरक्षित और शिक्षाप्रद वातावरण मिलना उनका मौलिक अधिकार है, और इस अधिकार का हनन किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं होना चाहिए।

ब्यूरो रिपोर्ट